नेताजी सुभाष विश्वविद्यालय में जागरूकता कार्यक्रमों के साथ एंटी रैगिंग सप्ताह का किया गया आयोजन

नेताजी सुभाष विश्वविद्यालय में विश्वविद्यालय के एंटी रैंगिंग कमिटी द्वारा 12-18 अगस्त 2025 तक एंटी रैगिंग सप्ताह का आयोजन किया गया। शिक्षा मंत्रालय और विश्वविद्यालय अनुदान आयोग द्वारा जारी किये गए दिशानिर्देशों के अनुसार सभी छात्रों के लिए एक सुरक्षित, समावेशी और सम्मानजनक वातावरण को बढ़ावा देने के उद्देश्य से कई प्रभावशाली कार्यक्रम आयोजित किए गए। यह पहल यूजीसी के दिशानिर्देशों और रैगिंग के प्रति शून्य-सहिष्णुता नीति के प्रति विश्वविद्यालय की अटूट प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
सप्ताह की शुरुआत विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो डॉ. प्रभात कुमार पाणि के उद्घाटन भाषण से हुई, जिन्होंने सहानुभूति, एकता और परिसर में एक पोषणकारी वातावरण बनाने के महत्व पर ज़ोर दिया। कुलपति ने कहा रैगिंग मानवीय गरिमा का उल्लंघन है और एनएसयू में, हम शिक्षा और जागरूकता के माध्यम से इस कुप्रथा को समाप्त करने के लिए एकजुट हैं।
सप्ताह की मुख्य विशेषताएँ:
जागरूकता रैली: छात्रों और शिक्षकों ने रैगिंग के खिलाफ नारे लगाते हुए और हाथों में तख्तियाँ लेकर परिसर-व्यापी रैली में भाग लिया।
शपथ समारोह: सैकड़ों छात्रों ने रैगिंग विरोधी शपथ ली और छात्र-छात्राओं के आपसी व्यवहार में सम्मान और निष्ठा बनाए रखने का संकल्प लिया।
कार्यशालाएँ और सेमिनार: रैगिंग के कानूनी, मनोवैज्ञानिक और सामाजिक प्रभावों पर विशेषज्ञ वार्ताएँ और संवादात्मक सत्र आयोजित किए गए। अतिथियों में कानूनी विशेषज्ञ, मनोवैज्ञानिक और पूर्व छात्र शामिल थे।
पोस्टर एवं निबंध प्रतियोगिताएँ: छात्रों ने रचनात्मक प्रतियोगिताओं के आयोजन के माध्यम से रैगिंग के हानिकारक प्रभावों और रैगिंग मुक्त कैंपस के फायदों को बताया।

लघु फिल्म प्रदर्शन: रैगिंग के प्रभाव पर एक लघु फिल्म का प्रदर्शन किया गया जिससे पीड़ितों के अनुभव से छात्रों के बीच रैगिंग संबंधित समझ को गहरा करने में सहायता मिल सके।

पारस्परिक सम्मान और सौहार्द एक प्रगतिशील शैक्षणिक संस्थान के आधार स्तंभ हैं- प्रो. नाज़िम खान

विश्वविद्यालय की रैगिंग विरोधी समिति और छात्र कल्याण प्रकोष्ठ ने सप्ताह भर चलने वाली गतिविधियों के आयोजन और देखरेख में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। ये कार्यक्रम न केवल जानकारीपूर्ण थे, बल्कि छात्रों और कर्मचारियों के बीच खुले संवाद को प्रोत्साहित करने के लिए एक मंच के रूप में भारत इसका उपयोग किया गया।
इस आयोजन के विषय में नेताजी सुभाष विश्वविद्यालय के प्रशासनिक अधिष्ठाता प्रो. नाज़िम खान ने है कहा प्रत्येक विद्यार्थी को भय से मुक्त वातावरण में अध्ययन करने का अधिकार है। विश्वविद्यालय की इसी प्रतिबद्धता को प्रदर्शित करने के लिए ही विश्वविद्यालय में रैगिंग विरोधी सप्ताह का आयोजन एक सशक्त जागरूकता कार्यक्रम के रूप में किया जा रहा है। हमें यह याद रखना चाहिए कि पारस्परिक सम्मान और सौहार्द एक प्रगतिशील शैक्षणिक संस्थान के आधार स्तंभ हैं।

एंटी रैगिंग सप्ताह में नेताजी सुभाष विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. डॉ. प्रभात कुमार पाणि, प्रशासनिक और अनुशासन प्रकोष्ठ के अधिष्ठाता प्रो. नाजिम खान, परीक्षा नियंत्रक प्रो. मोईज़ अशरफ, आईक्यूएसी निर्देशक डॉ. श्रद्धा वर्मा, मुख्य वित्त अधिकारी वाई ज्योति, विभिन्न संकायों के संकायाध्यक्ष, विभागों के विभागाध्यक्ष, फैकल्टी मेंबर्स के साथ बड़ी संख्या में विभिन्न विभागों के विद्यार्थी सम्मिलित हुए।

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